बीएलएस इंटरनेशनल के शेयरों में 13% की तेजी आने के पीछे कई अहम कारण हैं, जो साधारण भाषा में यहां समझाए गए हैं। सबसे बड़ा कारण है कंपनी को भारतीय विदेश मंत्रालय (MEA) की तरफ से चीन में भारतीय वीजा आवेदन केंद्र (IVACs) चलाने का तीन साल का नया कॉन्ट्रैक्ट मिलना। इससे कंपनी के कारोबार और कमाई में बढ़ोतरी की उम्मीद बढ़ गई है, इसलिए निवेशकों ने शेयर खरीदना शुरू किया, जिससे भाव उछल गए।सबसे अहम कारणMEA का ताज़ा कॉन्ट्रैक्ट
MEA द्वारा लंबे वक्त बाद कॉन्ट्रैक्ट मिलने से कंपनी का भरोसा और प्रतिष्ठा दोनों बढ़े हैं। इससे भविष्य में रेवन्यू और मुनाफा तेज़ी से बढ़ने की संभावना पैदा हुई।
पिछला प्रतिबंध हटना और भरोसा लौटना
BLS को पहले MEA ने दो साल के लिए सरकारी टेंडर में बैन किया था। ताज़ा कॉन्ट्रैक्ट इस बैन के बाद मिला है, जिससे Shareholders को यह संकेत मिला कि कंपनी अपने विवादों से बाहर निकल गई है और वापस ग्रोथ की राह पर है।
मौजूदा फायदे और उम्मीदें
इस नए ऑर्डर के आने से भविष्य में और ऑर्डर मिलने की उम्मीद बढ़ गई है। वीज़ा सर्विसेज़ के लिए भारत सरकार के अंतरराष्ट्रीय कांट्रैक्ट कंपनी के लिए बड़े फायदे लेकर आते हैं, जिससे निवेशकों का रुझान शेयर की तरफ बढ़ता है।
शेयरों की चाल और जोखिमयद्यपि हाल में भाव में तेजी आई है, कंपनी का शेयर इस साल 35% नीचे चल रहा है। इसका मुख्य कारण था पूर्व में लगे प्रतिबंध, मार्केट में मंदी और निवेशकों का भरोसा कम होना। ताजा खबर ने कमज़ोर भाव को संभाला और अचानक बढ़त दी।
अन्य कारणकंपनी की वित्तीय स्थिति
BLS इंटरनेशनल की ताजा तिमाही में रेवन्यू और मुनाफा बढ़ा है, जो शेयर की मजबूती की ओर संकेत करता है।
मार्केट की सेंटिमेंट
नए सरकारी कॉन्ट्रैक्ट की खबर ने बाजार की धारणा को पॉजिटिव बना दिया, जिससे ट्रेडिंग वॉल्यूम भी बढ़ा।
क्या है आगे का जोखिम:
भले ही कॉन्ट्रैक्ट तगड़ा है, अगर कंपनी पुराने विवाद या सरकारी नीति में बदलाव दोबारा देखती है, तो इसमें गिरावट आ सकती है। इसलिए शेयर में लॉन्ग टर्म निवेश के पहले सभी पहलुओं की जांच जरूरी है.
No comments:
Post a Comment
Blog kaisa laga, please likh kar bataye ♥️